जिम्मेदारी संग नारी ,भर रही है उड़ान ना कोई शिकायत ना, कोई थकान
जिम्मेदारी संग नारी ,भर रही है उड़ान
ना कोई शिकायत ना, कोई थकान
गुलामी
शारीरिक शोषण
लैंगिक शोषण
बेगारी
अत्याचार
……………अब बर्दास्त नहीं ……….हम अपना अधिकार ले के ही रहेंगे ,ले के ही रहेंगे ,ले के ही रहेंगे .
हर वर्ष अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस की एक” थीम” निर्धारित की जाती है ,इस बार ये थीम है “प्रेस फॉर प्रोग्रेस”..ये थीम महिलाओं को प्रोत्साहित करती है की वे अपने अधिकारों के लिए आवाज उठायें ………….
*हर पल ,हर समय खुद को महत्वपूर्ण समझें
*औरत का जितना सम्मान होगा दुनिया उतनी ही खूब सूरत होगी
*नारी के बिना पुरुष अधुरा है ,नारी से ही घर पूरा है
*महिलाएं हैं तो दुनिया है
*कोई भी देश व् समाज तब तक उन्नति नहीं कर सकता जब तक नारियां उपेछित ,शोषित ,एव पिछड़ी रहेंगी
*किसी को भी मत कहने दो की तुम कमजोर हो क्योकि तुम एक औरत हो
*महिलाओं को आगे लायें ,बराबरी का साथ निभाएं
*नारी है तो कल है ……..
राजेश मणि ,निदेशक मानव सेवा संस्थान ,सेवा गोरखपुर





