चीफ ऑफ डिफेंस का पदभार संभालेंगे, रिटायर जनरल विपिन रावत
चीफ ऑफ डिफेंस का पदभार संभालेंगे, रिटायर जनरल विपिन रावत
आई एन न्यूज नई दिल्ली डेस्क: भारतीय थल सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत आज से रिटायर हो रहे हैं और आज ही वह देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ का पदभार संभालेंगे। CDS का काम सेना, नौसेना और वायुसेना के कामकाज में बेहतर तालमेल लाना और देश की सैन्य ताकत को और मजबूत करना होगा।बिपिन रावत के सेनाध्यक्ष पद से रिटायर होने के बाद लेफ्टिनेंट जनरल मनोज मुकुंद नरावने देश के नए सेना प्रमुख होंगे। 3 साल के लिए CDS
सरकार द्वारा नियमों में संशोधन करके रिटायरमेंट की उम्र बढ़ाकर 65 वर्ष करने के बाद जनरल रावत तीन साल के लिए सीडीएस के तौर सेवाएं दे सकेंगे। सुरक्षा मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने पिछले मंगलवार को सीडीएस का पद बनाए जाने को मंजूरी दी थी, जो तीनों सेनाओं से जुड़े सभी मामलों में रक्षा मंत्री के प्रधान सैन्य सलाहकार के तौर पर काम करेगा।
रक्षा मंत्रालय ने बताया कि ‘सरकार ने जनरल बिपिन रावत को चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ नियुक्त करने का फैसला किया है, जो 31 दिसंबर से आगामी आदेश तक प्रभावी होगा।
जनरल रावत की सेवा अवधि 31 दिसंबर से तब तक के लिए बढ़ाई जाती है, जब तक वह सीडीएस कार्यालय में रहेंगे।
जनरल रावत चीफ ऑफ डिफेंस स्टॉफ के तौर पर सैनिक मामलों के विभाग के भी प्रमुख होंगे।
वो तीनों सैन्य सेवाओं के लिए प्रशासनिक कार्यों की देख-रेख करेंगे। तीनों सेवाओं से जुड़ी एजेंसियों, संगठनों और साइबर और अंतरक्षिण से संबंधित कार्यों की कमान चीफ ऑफ डिफेंस स्टॉफ के हाथों में होगी। सीडीएस रक्षा मंत्री की अध्यक्षता वाली रक्षा अधिग्रहण परिषद और एनएसए की अध्यक्षता वाली रक्षा नियोजन समिति के सदस्य होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीडीएस पद के सृजन की घोषणा इस साल स्वतंत्रता दिवस के मौके पर की थी। अमेरिका, चीन, यूनाइटेड किंगडम, जापान सहित दुनिया के कई देशों के पास चीफ ऑफ डिफेंस CDS जैसी व्यवस्था है। बता दें कि विस्तृत भूमि, लंबी सीमाओं, तटरेखाओं और राष्ट्रीय सुरक्षा की चुनौतियों को सीमित संसाधनों से निपटने के लिए भारत के पास एकीकृत रक्षा प्रणाली के लिए चीफ ऑफ डिफेंस पद की बहुत जरूरत थी।





