सीमा नहीं रोक सकी इंसानियत! नेपाल के बाढ़ पीड़ितों के लिए नौतनवा सेंट जेवियर्स के बच्चों ने दिया ₹1 लाख

सेंट जेवियर्स स्कूल के अध्यापक गण .

सीमा नहीं रोक सकी इंसानियत! नेपाल के बाढ़ पीड़ितों के लिए नौतनवा सेंट जेवियर्स के बच्चों ने दिया ₹1 लाख
आई एन न्यूज नौतनवा डेस्क: भारत-नेपाल की सीमा से सटे व्यापारिक महत्व के कस्बे नौतनवा में स्थित सेंट जेवियर्स जूनियर हाई स्कूल के नन्हे विद्यार्थियों ने इंसानियत की ऐसी मिसाल पेश की, जिसने दोनों देशों के बीच के रिश्तों को और भी भावुक बना दिया। नेपाल में आई बाढ़ की आपदा से प्रभावित परिवारों की मदद के लिए विद्यालय के बच्चों ने नेपाली एक लाख रुपये (₹1,00,000) की सहायता प्रधानमंत्री आपदा राहत कोष में जमा कराने के लिए प्रदान की।
बच्चे रुपए से भरा थैला और सहायता राशि का चेक लेकर भारत से नेपाल के रूपंदेही जिले के भैरहवा पहुंचे। वहां उन्होंने रूपंदेही के मुख्य जिला अधिकारी (सीडीओ) को नेपाली ₹1,00,000 का चेक सौंपा और बाढ़ पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की।
इस दौरान बच्चों के चेहरों पर मदद करने की खुशी और आपदा से प्रभावित लोगों के लिए चिंता साफ दिखाई दे रही थी। विद्यार्थियों ने अपने इस प्रयास के माध्यम से यह संदेश दिया कि मुसीबत की कोई सीमा नहीं होती और इंसानियत की भी कोई सीमा नहीं होनी चाहिए।
चेक सौंपने के दौरान ऐशनी आनंद दुबे – कक्षा 6,अमृता यादव – कक्षा 5 श्रेया जायसवाल – कक्षा 7सौम्या जायसवाल – कक्षा 11
फरहान खान – कक्षा 11 अंकुर यादव – कक्षा 10 शायबा खातून – कक्षा 9 रहे। बच्चों की इस पहल ने भारत और नेपाल के बीच सदियों पुराने सामाजिक एवं मानवीय रिश्तों की खूबसूरत तस्वीर सामने रखी। बाढ़ की विभीषिका झेल रहे नेपाली परिवारों के लिए भले ही यह राशि बड़ी राहत का एक छोटा प्रयास हो, लेकिन नन्हे हाथों से निकली यह मदद अपने भीतर संवेदना, करुणा और पड़ोसी धर्म की बड़ी भावना समेटे हुए है।
सेंट जेवियर्स के बच्चों ने यह साबित कर दिया कि मदद करने के लिए उम्र नहीं, बल्कि बड़ा दिल चाहिए। नेपाल के पीड़ित परिवारों के लिए नौतनवा के इन बच्चों की संवेदनशील पहल लंबे समय तक लोगों के दिलों में याद रहेगी।
महाराजगंज— उत्तर प्रदेश।