छावनी बनी अयोध्या, चप्पे-चप्पे पर रहेगी पुलिस की नज़र, परिंदा भी नहीं मार पायेगा पर
आई एन न्यूज ब्यूरो अयोध्या: आस्था की नगरी अयोध्या में विश्व हिंदू परिषद की 25 नवंबर को प्रस्तावित धर्मसभा और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे के आर्शीवाद उत्सव से पहले उत्तर प्रदेश सरकार सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुट गई है। प्रदेश के पुलिस महानिदेशक ने गुरूवार देर रात तक अयोध्या को लेकर अधिकारयों के साथ बैठक की और आवश्यक दिशा निर्देश जारी किए। सरकार ने अपने दो तेज तर्रार अधिकारियों आशुतोष पांडेय और सुभाष सिंह बघेल को सुरक्षा की कमान सौंपी गई है।
अयोध्या को आठ जोन व 16 सेक्टर में बांटा गया
डीजीपी ओपी सिंह के मुताबिक अयोध्या को सुरक्षा व्यवस्था की दृष्टि से अयोध्या को आठ जोन व 16 सेक्टर में बांटा गया है। हर जोन व सेक्टर में पुलिस व प्रशासनिक अफसरों की तैनाती की जा रही है। अयोध्या में पीएसी बल की संख्या बढ़ाकर 48 कंपनी कर दी गई है। पहले 20 कंपनी लगाई गई थी। इसके अलावा पुलिस अधीक्षक स्तर के पांच, अपर पुलिस अधीक्षक स्तर के 15 व 19 सीओ की अतिरिक्त तैनाती की गई है। एडीजी को ब्लू व यलो जोन की सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी गई है जबकि डीआईजी को राम जन्मभूमि परिसर के रेड जोन की सुरक्षा का जिम्मा सौंपा गया है। एडीजी को अयोध्या में शिव सेना के सभी कार्यक्रमों पर नजर रखने को कहा गया है। डीआईजी को विश्व हिंदू परिषद के कार्यक्रमों पर नजर रखेंगे। इसके साथ ही राज्य के खुफिया विभाग के अफसर व कई अन्य अधिकारियों को मौके पर भेजा गया है।
रैपिड फोर्स सहित चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाकर्मी
अयोध्या में फिलवक्त सात कंपनी पैराममिलिट्री फोर्स के अलावा छह एडिशनल एसपी, 16 डिप्टी एसपी, 30 इंस्पेक्टर, 250 सब इंस्पेक्टर, 12 एसएचओ, 15 लेडी सब इंस्पेक्टर, 650 कॉन्सटेबल, 50 लेडी कॉन्सटेबल, छह कंपनी पीएसी तैनात है। इसके अलावा दो कंपनी रैपिड एक्शन फोर्स भी सतत निगरानी कर रही है। इसके अलावा भी इन दोनों दिनों के लिये फोर्स की व्यवस्था की गई है।
अयोध्या पर खुफिया एजेंसियों की पैनी नजर
गौरतलब है कि शिवसेना सुप्रीमो उद्धव ठाकरे के संत आशीर्वाद कार्यक्रम और विश्व हिंदू परिषद की धर्मसभा को सकुशल निपटाने के लिए अयोध्या को किले में तब्दील किया गया है। तमाम केंद्रीय व प्रदेश की खुफिया एजेंसियां भी अपनी पैनी नजर अयोध्या के हर घटनाक्रम पर गड़ाए हुए हैं। अयोध्या में तमाम संवेदनशील व महत्वपूर्ण जगहों पर बैरिकेडिंग कर हथियारबंद पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। साथ ही अधिगृहीत परिसर में विशेष चौकसी बरती जा रही है। इसके लिये रेड, यलो व ग्रीन जोन में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार सुरक्षा के सभी व्यापक इंतजाम किये गए हैं।
धारा 144 होगी लागू, ड्रोन करेगा निगरानी
उधर, जिला अपर जिला मजिस्ट्रेट, कानून व्यवस्था पीडी गुप्ता द्वारा जारी आदेश जारी में कहा गया है कि अयोध्या क्षेत्र में परिक्रमा और कार्तिक पूर्णिमा मेला के कारण बढ़ी संवेदनशीलता, देश में आतंकवादी गतिविधियों और राम जन्म भूमि-बाबरी मस्जिद अधिग्रहित परिसर में शांति व्यवस्था व सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अयोध्या में 17 जनवरी 2019 तक धारा 144 बढ़ा दी गई है। जिले में निषेधाज्ञा लागू हो गई है। उधर, फैजाबाद के प्रभारी एसएसपी संजय कुमार ने बताया कि आयोजन के दृष्टिगत विशेष सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। कार्तिक मेले के लिए आई फोर्स को दोनों आयोजनों को देखते हुए रोक लिया गया है। किसी भी दशा में कानून व्यवस्था को प्रभावित करने और साम्प्रदायिक माहौल बिगाड़ने की इजाजत किसी को भी नहीं दी जाएगी। बाहर से अतिरिक्त फोर्स मंगाई गई है। अभिसूचना इकाई भी सतर्क है।
कार्यक्रम के दौरान ड्रोन कैमरे से निगरानी होगी। सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। घर की छतों पर भी फोर्स तैनात रहेगी। कार्यक्रम के दिन अयोध्या क्षेत्र के अंदर बेवजह किसी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि कानून तोड़ने वाले को बख्शा नहीं जाएगा।
जारी हुए कुछ निर्देश
कोई भी व्यक्ति लाठी-डंडा, अस्त्र-शस्त्र, ज्वलनशील पदार्थ, मोबाइल फोन, इलेक्ट्रानिक वस्तु, विस्फोटक सामाग्री परिसर में लाना वर्जित होगा। साथ ही कैमरा और वीडियो कैमरे पर भी रोक लगाई गई है। साथ ही और भी कई नियम लागू किए गए हैं। इस कार्यक्रम के अंतर्गत भारी पुलिस फोर्स को तैनात करने की तैयारी की जा रही है, जिससे किसी भी प्रकार की घटना न हो सके।





