बड़े डॉक्टरों के नाम पर मौत का कारोबार? प्रसूता की मौत के बाद मदरहुड अस्पताल घिरा, संचालक हिरासत में
बड़े डॉक्टरों के नाम पर मौत का कारोबार? प्रसूता की मौत के बाद मदरहुड अस्पताल घिरा, संचालक हिरासत में
आई एन न्यूज सोनौली डेस्क:
बड़े शहरों के नामी चिकित्सकों के बोर्ड लगाकर भोली-भाली जनता को आकर्षित करने और इलाज के नाम पर उनकी जिंदगी से खिलवाड़ करने का एक सनसनीखेज मामला सोनौली कस्बे में सामने आया है। प्रसव के लिए भर्ती कराई गई एक महिला की ऑपरेशन के बाद मौत हो जाने से परिजनो में भारी आक्रोश व्याप्त है। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और कथित तौर पर झोलाछाप चिकित्सक से ऑपरेशन कराने का आरोप लगाया है।
जानकारी के अनुसार, सोनौली कस्बे के न्यू एसएसबी रोड स्थित मदरहुड अस्पताल में फरीदा खातून पत्नी अब्दुल करीम प्रसव की निर्धारित तिथि नजदीक होने पर जांच के लिए पहुंची थीं। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल के डॉक्टरों ने उन्हें भर्ती कर उपचार शुरू किया और 23 तारीख को उनका ऑपरेशन कर दिया। ऑपरेशन के कुछ ही समय बाद महिला की हालत लगातार बिगड़ने लगी।
आरोप है कि मरीज की स्थिति गंभीर होने के बावजूद अस्पताल प्रशासन ने समय रहते परिजनों को सही जानकारी नहीं दी। जब हालत नियंत्रण से बाहर होने लगी तो अस्पताल संचालक और चिकित्सकों के हाथ-पांव फूल गए। हंगामे के डर से प्रसूता को पहले केएमसी अस्पताल महाराजगंज ले जाया गया। वहां भी स्थिति नहीं संभली तो आनन-फानन में उसे लखनऊ के वेदांता अस्पताल रेफर किया गया। परिजनों के अनुसार, लखनऊ पहुंचते ही प्रसूता ने दम तोड़ दिया।
महिला की मौत की खबर मिलते ही गुस्साए परिजनों और स्थानीय लोगों ने मदरहुड अस्पताल को घेर लिया। मामले की सूचना मिलते ही सोनौली पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।
मृतका के पति अब्दुल करीम ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अस्पताल संचालक ने कोल्हुई क्षेत्र के एक कथित झोलाछाप चिकित्सक को बुलाकर उनकी पत्नी का ऑपरेशन कराया। उनका आरोप है कि यदि समय रहते सही चिकित्सकीय सलाह और उपचार मिलता तो उनकी पत्नी की जान बच सकती थी।
अब्दुल करीम ने सोनौली पुलिस को लिखित तहरीर देकर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मदरहुड अस्पताल के संचालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
अब बड़ा सवाल यह है कि आखिर ऐसे अस्पतालों को संचालन की अनुमति कैसे मिल रही है? यदि परिजनों के आरोप सही हैं तो क्या लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ कर स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर मौत का कारोबार चलाया जा रहा था? क्षेत्र की जनता प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
महाराजगंज –=उत्तर प्रदेश।



