नौतनवा: मासूम पर पुलिसिया कहर! 14 वर्षीय छात्र की कथित बेरहमी से पिटाई, सीओ कार्यालय पहुंचे परिजन”
“मासूम पर पुलिसिया कहर! 14 वर्षीय छात्र की कथित बेरहमी से पिटाई, न्याय की गुहार लेकर सीओ कार्यालय पहुंचे परिजन”
आई एन न्यूज, नौतनवा डेस्क। नौतनवा में पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़ा करने वाला एक मामला सामने आया है। कक्षा 7 में पढ़ने वाले 14 वर्षीय छात्र के साथ चौकी प्रभारी और दो पुलिसकर्मियों द्वारा कथित रूप से की गई बेरहमी से मारपीट के आरोप के बाद परिजनों में भारी आक्रोश है। पीड़ित परिवार भाजपा नेता जितेंद्र जायसवाल के नेतृत्व में पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) बसंत सिंह से मिला और दोषी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध निष्पक्ष जांच एवं कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा।
परिजनों के अनुसार, 14 वर्षीय मोहम्मद समल किसी बात से नाराज होकर घर से निकल गया था और देर रात तक नौतनवा रेलवे स्टेशन के पास बैठा रहा। परिवार के लोग उसकी तलाश में इधर-उधर भटक रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान स्टेशन चौराहे पर पहुंचे चौकी प्रभारी अपने दो सिपाहियों के साथ बच्चे से पूछताछ करने लगे। नाबालिग ने बताया कि उसका घर पास में ही है और वह स्वयं घर चला जाएगा, लेकिन इसके बावजूद पुलिसकर्मियों ने उसकी एक नहीं सुनी।
शिकायत के मुताबिक, चौकी प्रभारी और दोनों सिपाहियों ने कथित रूप से बच्चे को बाल पकड़कर सड़क पर पटक दिया, पेड़ के पास खड़ा कर लाठियों से बेरहमी से पीटा और उसके शरीर पर कई गंभीर चोटें पहुंचाईं। आरोप यह भी है कि मारपीट के बाद उसे दौड़ाकर भगाया गया और धमकी दी गई कि यदि उसने किसी को घटना के बारे में बताया तो उसे जेल भेज दिया जाएगा।
परिजनों का कहना है कि बच्चे के शरीर पर पड़े चोट के निशान पुलिस की कथित बर्बरता की कहानी बयां कर रहे हैं। उनका आरोप है कि जिस तरह का व्यवहार एक मासूम स्कूली छात्र के साथ किया गया, वैसा व्यवहार किसी अपराधी के साथ भी नहीं होना चाहिए।
घटना के बाद भयभीत छात्र अपने परिजनों के साथ भाजपा नेता जितेंद्र जायसवाल के नेतृत्व में सीओ कार्यालय पहुंचा। पुलिस क्षेत्राधिकारी बसंत सिंह ने स्वयं बच्चे के शरीर पर मौजूद चोटों का निरीक्षण किया और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
इस संबंध में जब पुलिस क्षेत्राधिकारी बसंत सिंह से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा, “मामला मेरे संज्ञान में आया है। इसकी जांच कराई जाएगी और तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।”
महाराजगंज —-उत्तर प्रदेश।s








































