राष्ट्रपति का स्वागत, गोरखनाथ मंदिर में कड़ी सुरक्षा, सजा शहर,नभ, थल, जल से हो रही सुरक्षा की निगरानी।

राष्ट्रपति का स्वागत, गोरखनाथ मंदिर में कड़ी सुरक्षा, सजा शहर,नभ, थल, जल से हो रही सुरक्षा की निगरानी।
इंडो नेपाल न्यूज टीम,गोरखपुर:
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद आज गोरखनाथ मंदिर आएंगे। भारत के प्रथम नागरिक राष्ट्रपति की सुरक्षा के लिए मंदिर को अभेद किला बना दिया गया हैं। मंदिर के तीन प्रमुख द्वार पर इंसास एसएलआर के साथ सुरक्षा कर्मियों की शिफ्टवार शनिवार से तैनाती है। 360 डिग्री के अत्यधिक क्षमता वाले सीसीटीवी कैमरें और कंट्रोल यूनिट भी स्थापित की गई है।
मंदिर के वीवीआईपी गेट, यज्ञशाला गेट और मुख्य प्रवेश द्वार पर बुलेट फ्रूट पोस्ट शनिवार को स्थापित की गई। इसके अलावा उत्तरी गेट, दक्षिणी प्रवेश द्वार और विद्यापीठ गेट पर बालू-कंक्रीट की बोरियों की मदद से सुरक्षा पोस्ट बनाई गई है।
राष्ट्रपति के कार्यक्रम के साक्षी बनेंगे 2000 लोग—–
सोमवार को मंदिर परिसर स्थित ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ स्मृति सभागार में आयोजित होने वाले कार्यक्रम के 2000 लोग साक्षी बनेंगे। स्मृतिभवन सभागार में 1200 लोग बैठ सकेंगे। सभागार के बाहर 800 लोगों के बैठने के लिए इंतजाम किया गया है। यहां लोगों को सभागार के अंदर का कार्यक्रम एलईडी लगा कर लाइव दिखाया जाएगा। इसके अलावा यात्री भवन के निकट भी एलईडी की मदद से लाइव प्रसारण किया जाएगा लेकिन यहां कुर्सियां नहीं लगाई जाएंगी।
महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के 730 प्रतिभावान बच्चे पुरस्कृत किए जाने हैं। रविवार की सुबह 12 बजे के पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखनाथ मंदिर के स्मृति भवन सभागार में सोमवार को आयोजित होने वाले कार्यक्रम की रिहर्सल देखे। सभी को अपने साथ दो फोटो लेकर आने के निर्देश दिए गए हैं। राष्ट्रपति के प्रोटोकॉल में पुस्कार वितरण के कार्यक्रम की अवधि सिर्फ 10 मिनट निर्धारित हैं। ऐसे में इस अवधि में पुरस्कार पाने वाले छात्र-छात्राएं ही सम्मानित हो पाएंगी। शेष को परिषद के अध्यक्ष प्रोफेसर यूपी सिंह एवं गोरखपुर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर वीके सिंह सम्मानित होंगे। सभागार में 232 छात्र मंच के निकट दरी पर बैठेंगे। बल्कि 730 बच्चे अतिथियों के पीछे लगी कुर्सियों पर बैठेंगे।
धर्मशाला में बना सेफ हाऊस लेंगे होंगे मांगलिक कार्य—–
मंदिर परिसर स्थित पुरानी धर्मशाला में राष्ट्रपति के लिए कक्ष संख्या 7 और 8 को सेफ हाऊस बना है। लेकिन धर्मशाला में मांगलिक कार्य आयोजित होंगे। धर्मशाला का संचालन देखने वाले सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि सोमवार को 10 की संख्या में शादी और मंगनी के लिए बुकिंग है। राष्ट्रपति के कार्यक्रम के मद्देनजर बुकिंग कराने वाले लोग परेशान हैं लेकिन किसी की बुकिंग रद्द नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि 9 को 4 मांगलिक कार्यक्रम संपंन होंगे। इसी तरह यात्री भवन में 10 दिसंबर को परिषद के कार्यक्रम में शामिल होने वाले 1000 लोगों के लिए लंच का कार्यक्रम होगा। लेकिन यहां 9 दिसंबर को 3 और 10 दिसंबर को 4 कार्यक्रम आयोजित होंगे। मंदिर के प्रधान सचिव द्वारिका तिवारी बताते हैं कि मंदिर प्रबंधन ने श्रद्धालुओं की सुविधा का ध्यान रखते हुए कोई बुकिंग निरस्त नहीं की है। 10 दिसंबर को राष्ट्रपति 11 बजे मंदिर से प्रस्थान कर जाएंगे। उसके बाद सभी मांगलिक कार्यक्रम संपंन कराए जाएंगे। स्थान की समस्या हुई तो वृद्धा आश्रम में भी लोगों को स्थान दिया जाएगा। रविवार को सर्किट हाउस में विशिष्ट जनों से मिलेंगे राष्ट्रपति।





